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श्री विष्णु पुराण
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अंश 5: पंचम अंश
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अध्याय 33: श्रीकृष्ण और बाणासुरका युद्ध
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श्लोक 22
श्लोक
5.33.22
हरिशङ्करयोर्युद्धमतीवासीत्सुदारुणम् ।
चुक्षुभुस्सकला लोका: शस्त्रास्त्रांशुप्रतापिता:॥ २२॥
अनुवाद
श्री हरि और श्री महादेवजी में घोर युद्ध हुआ, इस युद्ध में प्रयुक्त हुए अस्त्र-शस्त्रों की किरणों से सम्पूर्ण जगत् संतप्त हो उठा ॥22॥
There was a fierce battle between Shri Hari and Shri Mahadevji, the entire world became enraged by the rays of the weapons used in this war. 22॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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