श्री विष्णु पुराण  »  अंश 5: पंचम अंश  »  अध्याय 29: नरकासुरका वध  »  श्लोक 1
 
 
श्लोक  5.29.1 
श्रीपराशर उवाच
द्वारवत्यां स्थिते कृष्णे शक्रस्त्रिभुवनेश्वर:।
आजगामाथ मैत्रेय मत्तैरावतपृष्ठग:॥ १॥
 
 
अनुवाद
श्री पराशर बोले - हे मैत्रेय! एक बार जब श्री भगवान द्वारका में थे, तब तीनों लोकों के स्वामी भगवान इंद्र अपने मदोन्मत्त हाथी ऐरावत पर सवार होकर उनके पास आये।
 
Shri Parashara said - O Maitreya! Once when Shri Bhagwan was in Dwarka, Lord Indra, the Lord of three worlds, came to him riding on his intoxicated elephant Airavat.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)