श्री विष्णु पुराण  »  अंश 5: पंचम अंश  »  अध्याय 15: कंसका श्रीकृष्णको बुलानेके लिये अक्रूरको भेजना  »  श्लोक 7
 
 
श्लोक  5.15.7 
चाणूरोऽत्र महावीर्यो मुष्टिकश्च महाबल:।
एताभ्यां मल्लयुद्धेन मारयिष्यामि दुर्मती॥ ७॥
 
 
अनुवाद
मेरे पास महाबली चाणूर और महाबली मुष्टिक जैसे पहलवान हैं। मैं उनसे मल्लयुद्ध कराकर उन दोनों दुष्टों का वध कर दूँगा॥7॥
 
I have wrestlers like the mighty Chanur and the mighty Mushtik. I will make them wrestle and kill those two evil-minded people. ॥ 7॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)