श्री विष्णु पुराण  »  अंश 5: पंचम अंश  »  अध्याय 1: वसुदेव-देवकीका विवाह, भारपीडिता पृथिवीका देवताओंके सहित क्षीरसमुद्रपर जाना और भगवान् का प्रकट होकर उसे धैर्य बँधाना, कृष्णावतारका उपक्रम  »  श्लोक 9
 
 
श्लोक  5.1.9 
श्रीपराशर उवाच
इत्याकर्ण्य समुत्पाटॺ खड्गं कंसो महाबल:।
देवकीं हन्तुमारब्धो वसुदेवोऽब्रवीदिदम्॥ ९॥
 
 
अनुवाद
श्री पराशर जी बोले - यह सुनकर महाबली कंस ने म्यान से तलवार निकाली और देवकी को मारने के लिए तैयार हुआ। तब वसुदेव जी ने यह कहा -॥9॥
 
Shri Parashar Ji said - On hearing this, the mighty Kansa drew out his sword from the sheath and prepared to kill Devaki. Then Vasudev Ji said this -॥ 9॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)