श्री विष्णु पुराण  »  अंश 4: चतुर्थ अंश  »  अध्याय 19: पुरुवंश  »  श्लोक 45
 
 
श्लोक  4.19.45 
अणुहाद‍्ब्रह्मदत्त:॥ ४५॥ ततश्च विष्वक्सेनस्तस्मादुदक्सेन:॥ ४६॥ भल्लाभस्तस्य चात्मज:॥ ४७॥
 
 
अनुवाद
अनुहसा से ब्रह्मदत्त उत्पन्न हुआ। ब्रह्मदत्त से विश्वक्सेन, विश्वक्सेन से उदकसेन और उदकसेन से भल्लभ नामक पुत्र उत्पन्न हुआ । 45-47॥
 
Brahmadutta was born from Anuhsa. Vishvaxena was born from Brahmadatta, Udaksen was born from Vishvaxena and a son named Bhallabha was born from Udaksen. 45-47॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)