श्री विष्णु पुराण  »  अंश 4: चतुर्थ अंश  »  अध्याय 13: सत्वतकी सन्ततिका वर्णन और स्यमन्तकमणिकी कथा  »  श्लोक 25
 
 
श्लोक  4.13.25 
प्रतिदिनं तन्मणिरत्नमष्टौ कनकभारान‍्स्त्रवति॥ २५॥
 
 
अनुवाद
वह मणि प्रतिदिन आठ भार सोना देती थी।
 
That gem gave eight weights of gold every day. 25.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)