Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 vishnu 2.8.41: इस प्रकार उत्तरी और दक्षिणी सीमाओं के बीच वृत्ताकार घूमने के कारण सूर्य की गति दिन या रात में धीमी या तेज हो जाती है ॥41॥ | vishnu अध्याय 2.8: सूर्य, नक्षत्र एवं राशियोंकी व्यवस्था तथा कालचक्र, लोकपाल और गंगाविर्भावका वर्णन । vishnu अंश 2: द्वितीय अंश । श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
उभयो: काष्ठयोर्मध्ये भ्रमतो मण्डलानि तु।
दिवा नक्तं च सूर्यस्य मन्दा शीघ्रा च वैगति:॥ ४१॥
अनुवाद
इस प्रकार उत्तरी और दक्षिणी सीमाओं के बीच वृत्ताकार घूमने के कारण सूर्य की गति दिन या रात में धीमी या तेज हो जाती है ॥41॥
In this way, due to rotating in a circle between the northern and southern borders, the speed of the Sun becomes slow or fast during the day or night. 41॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥