Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 vishnu 2.12.45: इस प्रकार मैंने तुम्हें परम सत्य बताया है। केवल एक ही ज्ञान सत्य है और उसके अतिरिक्त सब कुछ मिथ्या है। इसके अतिरिक्त मैंने तुम्हें त्रिभुवन के विषय में भी बताया है, जो केवल व्यवहारिक बात है ॥ 45॥ | vishnu अध्याय 2.12: नवग्रहोंका वर्णन तथा लोकान्तरसम्बन्धी व्याख्यानका उपसंहार । vishnu अंश 2: द्वितीय अंश । श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इस प्रकार मैंने तुम्हें परम सत्य बताया है। केवल एक ही ज्ञान सत्य है और उसके अतिरिक्त सब कुछ मिथ्या है। इसके अतिरिक्त मैंने तुम्हें त्रिभुवन के विषय में भी बताया है, जो केवल व्यवहारिक बात है ॥ 45॥
In this way I have explained to you the ultimate truth. Only one knowledge is true and everything other than that is false. Apart from this I have also told you about the Tribhuvan which is just a practical thing. ॥ 45॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥