श्री विष्णु पुराण  »  अंश 1: प्रथम अंश  »  अध्याय 22: विष्णु भगवान‍्की विभूति और जगत‍्की व्यवस्थाका वर्णन  »  श्लोक 8
 
 
श्लोक  1.22.8 
हिमालयं स्थावराणां मुनीनां कपिलं मुनिम्।
नखिनां दंष्ट्रिणां चैव मृगाणां व्याघ्रमीश्वरम्॥ ८॥
 
 
अनुवाद
उन्होंने हिमालय को स्थावर वस्तुओं का स्वामी, कपिलदेव को ऋषियों का स्वामी तथा व्याघ्र (बाघ) को नख और दंत वाले मृगों का राजा बनाया।
 
He made the Himalaya the lord of the immovable things, Kapildev the lord of the sages and the Vyagra (tiger) the king of the deer with claws and teeth.
 ✨ ai-generated
 
 
  Connect Form
  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
  © 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by AmritChaitanyaDas