श्री विष्णु पुराण  »  अंश 1: प्रथम अंश  »  अध्याय 15: प्रचेताओंका मारिषा नामक कन्याके साथ विवाह, दक्ष प्रजापतिकी उत्पत्ति एवं दक्षकी आठ कन्याओंके वंशका वर्णन  »  श्लोक 21
 
 
श्लोक  1.15.21 
गमनाय महाभाग देवराजनिवेशनम्।
प्रोक्त: प्रोक्तस्तया तन्व्या स्थीयतामित्यभाषत॥ २१॥
 
 
अनुवाद
हे महात्मन! जब भी वह सुंदरी स्वर्ग जाने के लिए कहती, तो ऋषि कंडु उससे कहते, 'अभी रुको।'
 
O great one! Whenever that beautiful lady asked to go to heaven, Sage Kandu would always tell her, 'Wait for now.'
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)