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vishnu 1.14.47: तब भगवान ने उससे कहा, "मैं तुमसे प्रसन्न होकर तुम्हें वरदान देने आया हूँ। अपना मनचाहा वरदान माँग लो।"   |   vishnu अध्याय 1.14: प्राचीनबर्हिका जन्म और प्रचेताओंका भगवदाराधन   ।   vishnu अंश 1: प्रथम अंश   ।   श्री विष्णु पुराण Sri Vishnu Puran | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री विष्णु पुराण  »  अंश 1: प्रथम अंश  »  अध्याय 14: प्राचीनबर्हिका जन्म और प्रचेताओंका भगवदाराधन  »  श्लोक 47
 
 
श्लोक  1.14.47 
ततस्तानाह भगवान‍‍्व्रियतामीप्सितो वर:।
प्रसादसुमुखोऽहं वो वरद: समुपस्थित:॥ ४७॥
 
 
अनुवाद
तब भगवान ने उससे कहा, "मैं तुमसे प्रसन्न होकर तुम्हें वरदान देने आया हूँ। अपना मनचाहा वरदान माँग लो।"
 
Then the Lord said to him, “Pleased with you, I have come to grant you a boon. Ask for your desired boon.”
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)