श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 7: उत्तर काण्ड  »  सर्ग 68: लवणासुर का आहार के लिये निकलना, शत्रुघ्न का मधुपुरी के द्वार पर डट जाना और लौटे हुए लवणासुर के साथ उनकी रोषभरी बातचीत  »  श्लोक 4
 
 
श्लोक  7.68.4 
ततोऽर्धदिवसे प्राप्ते क्रूरकर्मा स राक्षस:।
आगच्छद् बहुसाहस्रं प्राणिनां भारमुद्वहन्॥ ४॥
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात मध्याह्न के समय क्रूर कर्म दैत्य हजारों जीवों का भार लेकर वहाँ आया॥4॥
 
After that, at noon, the cruel Karma demon came there carrying the burden of thousands of living beings. 4॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)