श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 7: उत्तर काण्ड  »  सर्ग 28: मेघनाद और जयन्त का युद्ध, पुलोमा का जयन्त को अन्यत्र ले जाना, देवराज इन्द्र का युद्ध भूमि में पदार्पण, रुद्रों तथा मरुद्गणों द्वारा राक्षस सेना का संहार और इन्द्र तथा रावण का युद्ध  »  श्लोक 8
 
 
श्लोक  7.28.8 
ततस्ते त्रिदशा: सर्वे परिवार्य शचीसुतम्।
रावणस्य सुतं युद्धे समासाद्य प्रजघ्निरे॥ ८॥
 
 
अनुवाद
तब समस्त देवता शचिपुत्र जयन्त को चारों ओर से घेरकर युद्धभूमि में आ गए और रावणपुत्र पर आक्रमण करने लगे॥8॥
 
Then all the gods surrounded Sachiputra Jayant from all sides and came to the battlefield and started attacking Ravana's son. 8॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)