Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 7.26.25: इन्द्र हों, उपेन्द्र हों या अश्विनीकुमार, इस समय मुझसे बड़ा कौन है? हे कायर! तू मुझे छोड़कर कहीं और जा रहा है, यह अच्छा नहीं है॥ 25॥ | ramayan सर्ग 7.26: रावण का रम्भा पर बलात्कार करना और नलकूबर का रावण को भयंकर शाप देना । ramayan काण्ड 7: उत्तर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मद्विशिष्ट: पुमान् कोऽद्य शक्रो विष्णुरथाश्विनौ।
मामतीत्य हि यच्च त्वं यासि भीरु न शोभनम्॥ २५॥
अनुवाद
इन्द्र हों, उपेन्द्र हों या अश्विनीकुमार, इस समय मुझसे बड़ा कौन है? हे कायर! तू मुझे छोड़कर कहीं और जा रहा है, यह अच्छा नहीं है॥ 25॥
Be it Indra, Upendra or Ashwinikumar, who is greater than me at this time? O coward! You are leaving me and going somewhere else, this is not good.॥ 25॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥