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ramayan 7.12.21-22h: उन्होंने उसे घोर तपस्या से प्राप्त एक अत्यंत अद्भुत एवं अचूक शक्ति भी प्रदान की, जिससे रावण ने लक्ष्मण को घायल कर दिया।   |   ramayan सर्ग 7.12: शूर्पणखा तथा रावण आदि तीनों भाइयों का विवाह और मेघनाद का जन्म   ।   ramayan काण्ड 7: उत्तर काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 7: उत्तर काण्ड  »  सर्ग 12: शूर्पणखा तथा रावण आदि तीनों भाइयों का विवाह और मेघनाद का जन्म  »  श्लोक 21-22h
 
 
श्लोक  7.12.21-22h 
अमोघां तस्य शक्तिं च प्रददौ परमाद्भुताम्॥ २१॥
परेण तपसा लब्धां जघ्निवाँल्लक्ष्मणं यया।
 
 
अनुवाद
उन्होंने उसे घोर तपस्या से प्राप्त एक अत्यंत अद्भुत एवं अचूक शक्ति भी प्रदान की, जिससे रावण ने लक्ष्मण को घायल कर दिया।
 
He also granted him an extremely wonderful and infallible power, obtained through great austerity, by which Ravana injured Lakshmana. 21/2.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)