श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 7: उत्तर काण्ड  »  सर्ग 111: रामायण- काव्य का उपसंहार और इसकी महिमा  »  श्लोक 21
 
 
श्लोक  7.111.21 
यस्त्विदं रघुनाथस्य चरितं सकलं पठेत्।
सोऽसुक्षये विष्णुलोकं गच्छत्येव न संशय:॥ २१॥
 
 
अनुवाद
जो मनुष्य श्री रघुनाथ चरित्र का पाठ पूर्ण करता है, वह मृत्यु के पश्चात भगवान विष्णु के धाम को ही जाता है; इसमें कोई संदेह नहीं है॥ 21॥
 
One who completes the recitation of Shri Raghunath Charitra, after death goes to the abode of Lord Vishnu only; there is no doubt about this. ॥ 21॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)