Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.47.23: निष्कलंक स्वरूप वाली श्यामलोचना जननन्दिनी सीता अपने पति श्री राम और देवर लक्ष्मण को धूल में लोटते देखकर फूट-फूटकर रोने लगीं॥23॥ | ramayan सर्ग 6.47: वानरों द्वारा श्रीराम और लक्ष्मण की रक्षा, सीता को पुष्पकविमान द्वारा श्रीराम और लक्ष्मण का दर्शन कराना और सीता रुदन । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
निष्कलंक स्वरूप वाली श्यामलोचना जननन्दिनी सीता अपने पति श्री राम और देवर लक्ष्मण को धूल में लोटते देखकर फूट-फूटकर रोने लगीं॥23॥
Shyamlochana Jananandini Sita, with flawless features, started crying bitterly after seeing her husband Shri Ram and brother-in-law Lakshman rolling in the dust. 23॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥