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श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
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काण्ड 6: युद्ध काण्ड
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सर्ग 46: श्रीराम और लक्ष्मण को मूर्च्छित देख वानरों का शोक, इन्द्रजित का पिता को शत्रुवध का वृत्तान्त बताना
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श्लोक 29
श्लोक
6.46.29
रामलक्ष्मणयोर्दृष्ट्वा शरीरे सायकैश्चिते।
सर्वाणि चाङ्गोपाङ्गानि सुग्रीवं भयमाविशत्॥ २९॥
अनुवाद
श्री राम और लक्ष्मण के शरीर तथा उनके समस्त अंग बाणों से आच्छादित देखकर सुग्रीव भय से भर गया॥29॥
Seeing the bodies of Shri Ram and Lakshman and all their body parts covered with arrows, Sugriva was filled with fear. 29॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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