Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.36.22: इस प्रकार नगर की सुरक्षा के लिए समुचित प्रबंध करने का आदेश देकर रावण ने अपने सभी मंत्रियों को विदा किया और विजयसूचक आशीर्वाद प्राप्त कर अपने समृद्ध एवं विशाल आंतरिक कक्ष में चला गया। | ramayan सर्ग 6.36: माल्यवान् पर आक्षेप और नगर की रक्षा का प्रबन्ध करके रावण का अपने अन्तःपुर में जाना । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इस प्रकार नगर की सुरक्षा के लिए समुचित प्रबंध करने का आदेश देकर रावण ने अपने सभी मंत्रियों को विदा किया और विजयसूचक आशीर्वाद प्राप्त कर अपने समृद्ध एवं विशाल आंतरिक कक्ष में चला गया।
Thus, having ordered for adequate arrangements for the protection of the city, Ravana dismissed all his ministers and, honoured with their blessings indicating victory, went to his prosperous and huge inner chambers.
इत्यार्षे श्रीमद्रामायणे वाल्मीकीये आदिकाव्ये युद्धकाण्डे ष ट् त्रिंश: सर्ग: ॥ ३ ६॥
इस प्रकार श्रीवाल्मीकिनिर्मित आर्षरामायण आदिकाव्यके युद्धकाण्डमें छत्तीसवाँ सर्ग पूरा हुआ ॥ ३ ६॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥