Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.31.15-16: तेरी जड़ तो पूरी तरह कट चुकी है। मैंने तेरा अभिमान चूर कर दिया है। अब इस संकट से विवश होकर तू स्वयं मेरी पत्नी बनेगी। हे मूर्ख सीता! अब राम का चिन्तन छोड़ दे। उस मृत राम का तू क्या करेगी?॥ 15-16॥ | ramayan सर्ग 6.31: मायारचित श्रीराम का कटा मस्तक दिखाकर रावण द्वारा सीता को मोह में डालने का प्रयत्न । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तेरी जड़ तो पूरी तरह कट चुकी है। मैंने तेरा अभिमान चूर कर दिया है। अब इस संकट से विवश होकर तू स्वयं मेरी पत्नी बनेगी। हे मूर्ख सीता! अब राम का चिन्तन छोड़ दे। उस मृत राम का तू क्या करेगी?॥ 15-16॥
Your root has been completely cut off. I have crushed your pride. Now, forced by this crisis that has befallen upon you, you yourself will become my wife. Foolish Sita! Now stop thinking about Rama. What will you do with that dead Rama?॥ 15-16॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥