Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.31.14-15h: भद्रे! मेरे बार-बार समझाने और प्रार्थना करने पर भी तुमने मेरी बात नहीं मानी, इसलिए तुम्हारे पति श्री राम, खारक का वध करने वाले, युद्धभूमि में मारे गये। | ramayan सर्ग 6.31: मायारचित श्रीराम का कटा मस्तक दिखाकर रावण द्वारा सीता को मोह में डालने का प्रयत्न । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
सान्त्व्यमाना मया भद्रे यमाश्रित्य विमन्यसे॥ १४॥
खरहन्ता स ते भर्ता राघव: समरे हत:।
अनुवाद
भद्रे! मेरे बार-बार समझाने और प्रार्थना करने पर भी तुमने मेरी बात नहीं मानी, इसलिए तुम्हारे पति श्री राम, खारक का वध करने वाले, युद्धभूमि में मारे गये।
Bhadra! In spite of my repeated consolations and prayers you did not listen to me, your husband Shri Ram, the slayer of Kharaka, was killed in the battlefield. 14 1/2.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥