Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 6.17.7: ‘देखो, यह राक्षस सब प्रकार के अस्त्र-शस्त्रों से सुसज्जित होकर चार अन्य राक्षसों के साथ आ रहा है। इसमें संदेह नहीं कि यह हमें मारने आया है।’॥7॥   |   ramayan सर्ग 6.17: विभीषण का श्रीराम की शरण में आना और श्रीराम का अपने मन्त्रियों के साथ उन्हें आश्रय देने के विषय में विचार करना   ।   ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 17: विभीषण का श्रीराम की शरण में आना और श्रीराम का अपने मन्त्रियों के साथ उन्हें आश्रय देने के विषय में विचार करना  »  श्लोक 7
 
 
श्लोक  6.17.7 
एष सर्वायुधोपेतश्चतुर्भि: सह राक्षसै:।
राक्षसोभ्येति पश्यध्वमस्मान् हन्तुं न संशय:॥ ७॥
 
 
अनुवाद
‘देखो, यह राक्षस सब प्रकार के अस्त्र-शस्त्रों से सुसज्जित होकर चार अन्य राक्षसों के साथ आ रहा है। इसमें संदेह नहीं कि यह हमें मारने आया है।’॥7॥
 
‘Look, this demon equipped with all kinds of weapons is coming with four other demons. There is no doubt that he has come to kill us.’॥ 7॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)