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श्लोक  6.17.32 
यदुक्तं कपिराजेन रावणावरजं प्रति।
वाक्यं हेतुमदत्यर्थं भवद्भिरपि च श्रुतम्॥ ३२॥
 
 
अनुवाद
वानरों! तुमने भी वानरराज सुग्रीव द्वारा रावण के छोटे भाई विभीषण के विषय में कही गई बहुत ही युक्तिसंगत बातें सुनी हैं।
 
Monkeys! You too have heard the very reasonable things that the monkey king Sugreeva has said about Ravana's younger brother Vibhishan.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)