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ramayan 6.117.10: जब लोकपालों (जगत के रक्षकों) ने ऐसा कहा, तब पुण्यात्माओं में श्रेष्ठ जगत के स्वामी रघुनाथ श्री राम ने उन श्रेष्ठ देवताओं से कहा- ॥10॥   |   ramayan सर्ग 6.117: भगवान् श्रीराम के पास देवताओं का आगमन तथा ब्रह्मा द्वारा उनकी भगवत्ता का प्रतिपादन एवं स्तवन   ।   ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  6.117.10 
इत्युक्तो लोकपालैस्तै: स्वामी लोकस्य राघव:।
अब्रवीत् त्रिदशश्रेष्ठान् रामो धर्मभृतां वर:॥ १०॥
 
 
अनुवाद
जब लोकपालों (जगत के रक्षकों) ने ऐसा कहा, तब पुण्यात्माओं में श्रेष्ठ जगत के स्वामी रघुनाथ श्री राम ने उन श्रेष्ठ देवताओं से कहा- ॥10॥
 
When the Lokpalas (guardians of the world) said this, Shri Ram, the lord of the world Raghunath, the best among the virtuous people, said to those great gods - ॥10॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)