Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 6.113.41: मुझे अपने पूर्व कर्मों के कारण यह सब दुःख भोगना पड़ा; इसलिए यदि रावण की दासियों ने कोई अपराध किया भी हो तो मैं उन्हें क्षमा कर देती हूँ, क्योंकि उन पर दया के कारण मैं दुर्बल हो रही हूँ। | ramayan सर्ग 6.113: हनुमान्जी का सीताजी से बातचीत करके लौटना और उनका संदेश श्रीराम को सुनाना । ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
मुझे अपने पूर्व कर्मों के कारण यह सब दुःख भोगना पड़ा; इसलिए यदि रावण की दासियों ने कोई अपराध किया भी हो तो मैं उन्हें क्षमा कर देती हूँ, क्योंकि उन पर दया के कारण मैं दुर्बल हो रही हूँ।
I had to undergo all this suffering because of my past karma; therefore, even if Ravana's maids have committed some crime, I forgive them because I am becoming weak due to the outburst of compassion for them.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥