श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 100: राम और रावण का युद्ध, रावण की शक्ति से लक्ष्मण का मूर्च्छित होना तथा रावण का युद्ध से भागना  »  श्लोक 19
 
 
श्लोक  6.100.19 
तत: शक्तिं महाशक्ति: प्रदीप्तामशनीमिव।
विभीषणाय चिक्षेप राक्षसेन्द्र: प्रतापवान्॥ १९॥
 
 
अनुवाद
तब उस महान पराक्रमी एवं तेजस्वी राक्षसराज ने विभीषण को मारने के लिए वज्र के समान प्रज्वलित शक्ति का प्रयोग किया ॥19॥
 
Then that great powerful and glorious demon king used blazing power like a thunderbolt to kill Vibhishana. 19॥
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  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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