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ramayan 6.10.16: ‘रसोईघरों में, अग्नि-कक्षों में तथा वेदों के अध्ययन-स्थानों में भी साँप दिखाई देते हैं और यज्ञ-सामग्री में चींटियाँ लेटी हुई दिखाई देती हैं।॥16॥   |   ramayan सर्ग 6.10: विभीषण का रावण के महल में जाना, उसे अपशकुनों का भय दिखाकर सीता को लौटा देने के लिये प्रार्थना करना   ।   ramayan काण्ड 6: युद्ध काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 6: युद्ध काण्ड  »  सर्ग 10: विभीषण का रावण के महल में जाना, उसे अपशकुनों का भय दिखाकर सीता को लौटा देने के लिये प्रार्थना करना  »  श्लोक 16
 
 
श्लोक  6.10.16 
अग्निष्टेष्वग्निशालासु तथा ब्रह्मस्थलीषु च।
सरीसृपाणि दृश्यन्ते हव्येषु च पिपीलिका:॥ १६॥
 
 
अनुवाद
‘रसोईघरों में, अग्नि-कक्षों में तथा वेदों के अध्ययन-स्थानों में भी साँप दिखाई देते हैं और यज्ञ-सामग्री में चींटियाँ लेटी हुई दिखाई देती हैं।॥16॥
 
‘Snakes are seen in kitchens, fire-rooms and even in places where the Vedas are studied, and ants are seen lying in the sacrificial materials.॥ 16॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)