श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 5: सुन्दर काण्ड  »  सर्ग 7: रावण के भवन एवं पुष्पक विमान का वर्णन  »  श्लोक 10
 
 
श्लोक  5.7.10 
कृतानि वेश्मानि च पाण्डुराणि
तथा सुपुष्पाण्यपि पुष्कराणि।
पुनश्च पद्मानि सकेसराणि
वनानि चित्राणि सरोवराणि॥ १०॥
 
 
अनुवाद
उस विमान में श्वेत भवन थे। सुन्दर पुष्पों से सुसज्जित तालाब बने थे। केसरयुक्त कमल पुष्प, विचित्र वन और अद्भुत सरोवर भी निर्मित थे॥10॥
 
There were white buildings in that plane. Ponds decorated with beautiful flowers were made. Saffron lotus flowers, strange forests and wonderful lakes were also constructed.॥10॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)