पुरुषसिंह रघुनन्दन! आपके प्रति स्नेह और सौहार्द के कारण देवी सीता ने मेरा सत्कार करके शीघ्रता से प्रस्थान करते हुए मुझसे पुनः यह अच्छी बात कही -॥1॥
Purushasingh Raghunandan! Due to her affection and cordiality towards you, Goddess Sita, in haste to leave after honouring me, once again said this good thing to me -॥ 1॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥