श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 5: सुन्दर काण्ड  »  सर्ग 56: हनुमान जी का पुनः सीताजी से मिलकर लौटना और समुद्र को लाँघना  »  श्लोक 9
 
 
श्लोक  5.56.9 
त्रयाणामेव भूतानां सागरस्यापि लङ्घने।
शक्ति: स्याद् वैनतेयस्य तव वा मारुतस्य वा॥ ९॥
 
 
अनुवाद
‘इस समुद्र को पार करने की शक्ति केवल तीन प्राणियों में है – आप, गरुड़ या वायुदेवता ।’॥9॥
 
‘Only three creatures have the power to cross this ocean – you, Garuda or Vayudevta. 9॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)