Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 5.24.19: वह बहुत कमज़ोर हो गई थी। उसके चेहरे पर लाचारी के भाव थे और उसने गंदे कपड़े पहने हुए थे। ऐसी हालत में, जनकनंदिनी के चारों ओर खड़ी भयानक राक्षसियाँ उसे फिर से डराने लगीं। | ramayan सर्ग 5.24: सीताजी का राक्षसियों की बात मानने से इनकार कर देना तथा राक्षसियों का उन्हें मारने-काट ने की धमकी देना । ramayan काण्ड 5: सुन्दर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
वह बहुत कमज़ोर हो गई थी। उसके चेहरे पर लाचारी के भाव थे और उसने गंदे कपड़े पहने हुए थे। ऐसी हालत में, जनकनंदिनी के चारों ओर खड़ी भयानक राक्षसियाँ उसे फिर से डराने लगीं।
She had become very weak. There was a look of helplessness on her face and she was wearing dirty clothes. In that condition, the terrible demonesses standing around Janakanandini started threatening her again.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥