Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 5.11.24-25h: पान की भूमि अनेक प्रकार के पुष्पों, स्वर्ण घड़ों, स्फटिक के पात्रों तथा जगह-जगह रखे जामुन के जल के पात्रों से अत्यंत सुन्दर दिख रही थी। | ramayan सर्ग 5.11: हनुमान जी का पुनः अन्तःपुर में और उसकी पानभूमि में सीता का पता लगाना, धर्मलोप की आशंका और स्वतः उसका निवारण होना । ramayan काण्ड 5: सुन्दर काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
पान की भूमि अनेक प्रकार के पुष्पों, स्वर्ण घड़ों, स्फटिक के पात्रों तथा जगह-जगह रखे जामुन के जल के पात्रों से अत्यंत सुन्दर दिख रही थी।
The land of Paan was looking very beautiful with various kinds of flowers, golden pitchers, crystal vessels and various water pots made of jamun placed at various places.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥