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परिकाल्यमानस्तु तदा वालिनाभिद्रुतो ह्यहम्।
पुनरावृत्य सहसा प्रस्थितोऽहं तदा विभो॥ १६॥
अनुवाद
उस समय वालि मेरा पीछा करता रहा और मैं भागता रहा। प्रभु! जब मैं पुनः यहाँ आया, तो वालि के भय से मुझे अचानक पुनः भागना पड़ा॥16॥
‘At that time Vaali kept chasing me and I kept running. Prabhu! When I came back here again, I suddenly had to run away again out of fear of Vaali.॥ 16॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥