मुझे न तो लक्ष्मण का और न ही श्री रघुनाथजी का कोई भय है, परन्तु फिर भी जो मित्र मेरे बिना किसी दोष के क्रोधित हो जाता है, उससे हृदय में चिन्ता उत्पन्न होती है।
Of course I have no fear of Lakshmana or Sri Raghunathji, but even then a friend who gets angry without any fault of mine creates anxiety in the heart.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥