Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 4.29.31: राज्य की सीमा की रक्षा करने वाले सभी परिश्रमी और वेगवान वानर मेरी आज्ञा से शीघ्र ही यहाँ आएँ। तत्पश्चात् जो भी कर्तव्य पालन करना हो, उसे आप लोग सम्भालें॥31॥ | ramayan सर्ग 4.29: हनुमान जी के समझाने से सुग्रीव का नील को वानर-सैनिकों को एकत्र करने का आदेश देना । ramayan काण्ड 4: किष्किंधा काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ये त्वन्तपाला: प्लवगा: शीघ्रगा व्यवसायिन:।
समानयन्तु ते शीघ्रं त्वरिता: शासनान्मम।
स्वयं चानन्तरं कार्यं भवानेवानुपश्यतु॥ ३१॥
अनुवाद
राज्य की सीमा की रक्षा करने वाले सभी परिश्रमी और वेगवान वानर मेरी आज्ञा से शीघ्र ही यहाँ आएँ। तत्पश्चात् जो भी कर्तव्य पालन करना हो, उसे आप लोग सम्भालें॥31॥
‘All the industrious and swift monkeys guarding the kingdom's borders should come here soon on my orders. After that, you should take care of whatever duty is to be performed.॥ 31॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥