Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 3.64.35-36h: ऐसा कहकर श्री राम क्रोध में भरकर उसकी ओर इस प्रकार देखने लगे मानो उसे अपनी दृष्टि से जलाकर भस्म कर देना चाहते हों। तभी पर्वत और गोदावरी के निकट भूमि पर राक्षस का विशाल पदचिह्न दिखाई दिया। | ramayan सर्ग 3.64: श्रीराम और लक्ष्मण के द्वारा सीता की खोज, आभूषणों के कण और युद्ध के चिह्न देखकर श्रीराम का देवता आदि सहित समस्त त्रिलोकी पर रोष प्रकट करना । ramayan काण्ड 3: अरण्य काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ऐसा कहकर श्री राम क्रोध में भरकर उसकी ओर इस प्रकार देखने लगे मानो उसे अपनी दृष्टि से जलाकर भस्म कर देना चाहते हों। तभी पर्वत और गोदावरी के निकट भूमि पर राक्षस का विशाल पदचिह्न दिखाई दिया।
Having said this, Sri Rama, filled with anger, started looking at him as if he wanted to burn him to ashes with his sight. Just then, the huge footprint of the demon was seen on the ground near the mountain and Godavari.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥