Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 3.60.19: 'जामुन! यदि तुमने मेरी प्रियतमा को देखा हो, जो जमुनुन्द (स्वर्ण) के समान चमकती है, यदि तुम उसके विषय में कुछ जानते हो तो निःसंदेह मुझे बताओ।   |   ramayan सर्ग 3.60: श्रीराम का विलाप करते हुए वृक्षों और पशुओं से सीता का पता पूछना, भ्रान्त होकर रोना और बारंबार उनकी खोज करना   ।   ramayan काण्ड 3: अरण्य काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 3: अरण्य काण्ड  »  सर्ग 60: श्रीराम का विलाप करते हुए वृक्षों और पशुओं से सीता का पता पूछना, भ्रान्त होकर रोना और बारंबार उनकी खोज करना  »  श्लोक 19
 
 
श्लोक  3.60.19 
यदि दृष्टा त्वया जम्बो जाम्बूनदसमप्रभा।
प्रियां यदि विजानासि नि:शङ्क कथयस्व मे॥ १९॥
 
 
अनुवाद
'जामुन! यदि तुमने मेरी प्रियतमा को देखा हो, जो जमुनुन्द (स्वर्ण) के समान चमकती है, यदि तुम उसके विषय में कुछ जानते हो तो निःसंदेह मुझे बताओ।
 
‘Jamun! If you have seen my beloved who has the lustre of Jamununda (gold), if you know something about her then tell me without any doubt.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)