Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 3.49.23: जब राक्षसराज सीता का हरण करके उन्हें आकाशमार्ग से ले जाने लगे, तो उनका मन भ्रमित हो गया। वे विक्षिप्त हो गईं और दुःख से जोर-जोर से विलाप करने लगीं। | ramayan सर्ग 3.49: रावण द्वारा सीता का अपहरण, सीता का विलाप और उनके द्वारा जटायु का दर्शन । ramayan काण्ड 3: अरण्य काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जब राक्षसराज सीता का हरण करके उन्हें आकाशमार्ग से ले जाने लगे, तो उनका मन भ्रमित हो गया। वे विक्षिप्त हो गईं और दुःख से जोर-जोर से विलाप करने लगीं।
When the demon king kidnapped Sita and started taking her away through the sky, her mind became confused. She became crazy and started wailing loudly in grief.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥