Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 2.8.9: 'वास्तव में कौशल्या ही वह भाग्यशाली है, जिसका पुत्र कल पुष्यनक्षत्र के संयोग में श्रेष्ठ ब्राह्मणों द्वारा युवराज के महान पद पर अभिषिक्त होने वाला है। 9॥ | ramayan सर्ग 2.8: मन्थरा का पुनः राज्याभिषेक को कैकेयी के लिये अनिष्टकारी बताना, कुब्जा का पुनः श्रीराम राज्य को भरत के लिये भयजनक बताकर कैकेयी को भड़काना । ramayan काण्ड 2: अयोध्या काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
'वास्तव में कौशल्या ही वह भाग्यशाली है, जिसका पुत्र कल पुष्यनक्षत्र के संयोग में श्रेष्ठ ब्राह्मणों द्वारा युवराज के महान पद पर अभिषिक्त होने वाला है। 9॥
'In fact, Kausalya is the lucky one, whose son is going to be anointed to the great position of the crown prince by the best Brahmins tomorrow in the conjunction of Pushyanakshatra. 9॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥