Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 2.65.13: वे स्त्रियाँ उसे स्पर्श करने में समर्थ थीं, अतः उन्होंने नम्रता और चतुराई से उसके बिस्तर को छुआ। उसे छूने पर भी वे उसमें जीवन का कोई चिह्न न पा सकीं ॥13॥ | ramayan सर्ग 2.65: वन्दीजनों का स्तुतिपाठ, राजा दशरथ को दिवंगत हुआ जान उनकी रानियों का करुण-विलाप । ramayan काण्ड 2: अयोध्या काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
वे स्त्रियाँ उसे स्पर्श करने में समर्थ थीं, अतः उन्होंने नम्रता और चतुराई से उसके बिस्तर को छुआ। उसे छूने पर भी वे उसमें जीवन का कोई चिह्न न पा सकीं ॥13॥
Those women were capable of touching him, so they touched his bed with humility and tact. Even after touching him, they could not find any sign of life in him. ॥13॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥