Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 2.4.37: ‘अतः कल होने वाले अभिषेक के लिए आज ही मेरे और सीता के लिए आवश्यक सभी शुभ कर्म करो।’ ॥37॥   |   ramayan सर्ग 2.4: श्रीराम का माता को समाचार बताना और माता से आशीर्वाद पाकर लक्ष्मण से प्रेमपूर्वक वार्तालाप करना   ।   ramayan काण्ड 2: अयोध्या काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 2: अयोध्या काण्ड  »  सर्ग 4: श्रीराम का माता को समाचार बताना और माता से आशीर्वाद पाकर लक्ष्मण से प्रेमपूर्वक वार्तालाप करना  »  श्लोक 37
 
 
श्लोक  2.4.37 
यानि यान्यत्र योग्यानि श्वोभाविन्यभिषेचने।
तानि मे मङ्गलान्यद्य वैदेह्याश्चैव कारय॥ ३७॥
 
 
अनुवाद
‘अतः कल होने वाले अभिषेक के लिए आज ही मेरे और सीता के लिए आवश्यक सभी शुभ कर्म करो।’ ॥37॥
 
'Therefore, for the anointment to be held tomorrow, perform all the auspicious deeds that are necessary for me and Sita today.' ॥ 37॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)