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ramayan 2.21.19: 'जो वृद्ध पिता कैकेयी पर मोहित होकर दुःखी हो गए हैं, जो बालपन (मूर्खता) की स्थिति में हैं और जिनकी वृद्धावस्था के कारण निन्दा हो रही है, उन वृद्ध पिताओं को मैं अवश्य मार डालूँगा।'॥19॥   |   ramayan सर्ग 2.21: लक्ष्मण का श्रीराम को बलपूर्वक राज्य पर अधिकार कर लेने के लिये प्रेरित करना तथा श्रीराम का पिता की आज्ञा के पालन को ही धर्म बताना   ।   ramayan काण्ड 2: अयोध्या काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 2: अयोध्या काण्ड  »  सर्ग 21: लक्ष्मण का श्रीराम को बलपूर्वक राज्य पर अधिकार कर लेने के लिये प्रेरित करना तथा श्रीराम का पिता की आज्ञा के पालन को ही धर्म बताना  »  श्लोक 19
 
 
श्लोक  2.21.19 
हनिष्ये पितरं वृद्धं कैकेय्यासक्तमानसम्।
कृपणं च स्थितं बाल्ये वृद्धभावेन गर्हितम्॥ १९॥
 
 
अनुवाद
'जो वृद्ध पिता कैकेयी पर मोहित होकर दुःखी हो गए हैं, जो बालपन (मूर्खता) की स्थिति में हैं और जिनकी वृद्धावस्था के कारण निन्दा हो रही है, उन वृद्ध पिताओं को मैं अवश्य मार डालूँगा।'॥19॥
 
'I shall certainly kill those old fathers who have become miserable by being enamoured with Kaikeyi, who are in the state of childishness (foolishness) and who are being criticised due to their old age.'॥ 19॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)