Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 2.116.6: क्या ऋषियों ने मेरे छोटे भाई लक्ष्मण द्वारा किया गया कोई ऐसा कार्य देखा है जो उनके योग्य नहीं है?   |   ramayan सर्ग 2.116: वृद्ध कुलपति सहित बहुत-से ऋषियों का चित्रकूट छोड़कर दूसरे आश्रम में जाना   ।   ramayan काण्ड 2: अयोध्या काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 2: अयोध्या काण्ड  »  सर्ग 116: वृद्ध कुलपति सहित बहुत-से ऋषियों का चित्रकूट छोड़कर दूसरे आश्रम में जाना  »  श्लोक 6
 
 
श्लोक  2.116.6 
प्रमादाच्चरितं किंचित् कच्चिन्नावरजस्य मे।
लक्ष्मणस्यर्षिभिर्दृष्टं नानुरूपं महात्मन:॥ ६॥
 
 
अनुवाद
क्या ऋषियों ने मेरे छोटे भाई लक्ष्मण द्वारा किया गया कोई ऐसा कार्य देखा है जो उनके योग्य नहीं है?
 
Have the sages seen any act done by my younger brother Lakshmana due to negligence which is not worthy of him?
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)