श्रुतेन बाल: स्थानेन जन्मना भवतो ह्यहम्।
स कथं पालयिष्यामि भूमिं भवति तिष्ठति॥ २३॥
अनुवाद
'मैं शास्त्रज्ञान और जन्मावस्था दोनों ही दृष्टि से तुम्हारी तुलना में बालक हूँ। फिर तुम्हारे रहते हुए मैं पृथ्वी का पालन कैसे कर सकूँगा?॥ 23॥
'I am a child in comparison to you, both in terms of knowledge of scriptures and birth stage. Then how will I look after the earth while you are around?॥ 23॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥