Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 2.1.49: तत्पश्चात् जब शत्रु नगर को सताने वाले राजा दशरथ वहाँ आये और दरबार में बैठे, तो अन्य सभी लोकप्रिय राजा (राजा केकयी और जनक को छोड़कर) राजदरबार में उपस्थित हुए। | ramayan सर्ग 2.1: श्रीराम के सद्गुणों का वर्णन, राजा दशरथ का श्रीराम को युवराज बनाने का विचार । ramayan काण्ड 2: अयोध्या काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत्पश्चात् जब शत्रु नगर को सताने वाले राजा दशरथ वहाँ आये और दरबार में बैठे, तो अन्य सभी लोकप्रिय राजा (राजा केकयी और जनक को छोड़कर) राजदरबार में उपस्थित हुए।
Thereafter when King Dasharatha, the tormentor of the enemy city, arrived and sat in the court, all the other popular kings (except King Kekayi and Janaka) entered the royal court.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥