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श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
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काण्ड 1: बाल काण्ड
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सर्ग 71: राजा जनक का अपने कल का परिचय देते हुए श्रीराम और लक्ष्मण के लिये क्रमशः सीता और ऊर्मिला को देने की प्रतिज्ञा करना
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श्लोक 10
श्लोक
1.71.10
पुत्र: कीर्तिरथस्यापि देवमीढ इति स्मृत:।
देवमीढस्य विबुधो विबुधस्य महीध्रक:॥ १०॥
अनुवाद
'कीर्तिरथ का पुत्र देवमीढ़ नाम से प्रसिद्ध हुआ। देवमीढ़ का पुत्र विबुध और विबुध का पुत्र महीध्रक हुआ ॥10॥
'Kirtirath's son became famous by the name Devamidh. Devamidha's son was Vibudha and Vibudha's son was Mahidhraka. 10॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
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हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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