Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 1.41.23: रघुनन्दन! यज्ञ में दीक्षित राजा के पास आकर उसने सारा वृत्तान्त सुनाया और गरुड़कि ने जो कुछ उससे कहा था, वह भी कह सुनाया॥ 23॥   |   ramayan सर्ग 1.41: सगर की आज्ञा से अंशुमान् का रसातल में जाकर घोड़े को ले आना और अपने चाचाओं के निधन का समाचार सुनाना   ।   ramayan काण्ड 1: बाल काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 1: बाल काण्ड  »  सर्ग 41: सगर की आज्ञा से अंशुमान् का रसातल में जाकर घोड़े को ले आना और अपने चाचाओं के निधन का समाचार सुनाना  »  श्लोक 23
 
 
श्लोक  1.41.23 
ततो राजानमासाद्य दीक्षितं रघुनन्दन।
न्यवेदयद् यथावृत्तं सुपर्णवचनं तथा॥ २३॥
 
 
अनुवाद
रघुनन्दन! यज्ञ में दीक्षित राजा के पास आकर उसने सारा वृत्तान्त सुनाया और गरुड़कि ने जो कुछ उससे कहा था, वह भी कह सुनाया॥ 23॥
 
Raghunandan! Coming to the king who was initiated in the yajna he narrated the whole story and also told him what Garudki had told him.॥ 23॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)