Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
ramayan 1.26.18: अपनी दोनों भुजाएँ कट जाने से थककर ताड़का उनके पास खड़ी होकर जोर-जोर से दहाड़ने लगी। यह देखकर सुमित्रा के पुत्र लक्ष्मण क्रोधित हो गए और उन्होंने उसके नाक-कान काट दिए।   |   ramayan सर्ग 1.26: श्रीराम द्वारा ताटका का वध   ।   ramayan काण्ड 1: बाल काण्ड   ।   श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण  »  काण्ड 1: बाल काण्ड  »  सर्ग 26: श्रीराम द्वारा ताटका का वध  »  श्लोक 18
 
 
श्लोक  1.26.18 
ततश्छिन्नभुजां श्रान्तामभ्याशे परिगर्जतीम्।
सौमित्रिरकरोत् क्रोधाद‍्धृतकर्णाग्रनासिकाम्॥ १८॥
 
 
अनुवाद
अपनी दोनों भुजाएँ कट जाने से थककर ताड़का उनके पास खड़ी होकर जोर-जोर से दहाड़ने लगी। यह देखकर सुमित्रा के पुत्र लक्ष्मण क्रोधित हो गए और उन्होंने उसके नाक-कान काट दिए।
 
Tired of having both her arms chopped off, Tataka stood near them and started roaring loudly. Seeing this, Sumitra's son Lakshman got angry and cut off her nose and ears.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)