Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 1.22.17: 'इन दोनों विद्याओं को प्राप्त करके कोई भी तुम्हारे समान नहीं हो सकता; क्योंकि बल और अतिबला नामक ये विद्याएँ सब प्रकार की विद्याओं की जननी हैं॥17॥ | ramayan सर्ग 1.22: दशरथ का स्वस्तिवाचन पूर्वक राम-लक्ष्मण को मुनि के साथ भेजना, विश्वामित्र से बला और अतिबला नामक विद्या की प्राप्ति । ramayan काण्ड 1: बाल काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
'इन दोनों विद्याओं को प्राप्त करके कोई भी तुम्हारे समान नहीं हो सकता; क्योंकि बल और अतिबला नामक ये विद्याएँ सब प्रकार की विद्याओं की जननी हैं॥17॥
'After attaining these two knowledges, no one can be equal to you; because these knowledges named Bala and Atibala are the mother of all kinds of knowledge.॥ 17॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥