Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 ramayan 1.2.39: तदनन्तर उनके सब शिष्य अत्यन्त प्रसन्न होकर इस श्लोक को बार-बार गाने लगे और अत्यन्त विस्मित होकर एक-दूसरे से इस प्रकार कहने लगे -॥39॥ | ramayan सर्ग 1.2: तमसा तट पर क्रौंचवध की घटना से शोक संतप्त वाल्मीकि को ब्रह्मा द्वारा रामचरित्रमय काव्य लेखन का आदेश देना । ramayan काण्ड 1: बाल काण्ड । श्रीमद् वाल्मीकि रामायण Srimad Valmiki Ramayana | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तदनन्तर उनके सब शिष्य अत्यन्त प्रसन्न होकर इस श्लोक को बार-बार गाने लगे और अत्यन्त विस्मित होकर एक-दूसरे से इस प्रकार कहने लगे -॥39॥
Thereafter, all his disciples became very happy and started singing this verse again and again and being extremely astonished, they said to each other like this -॥ 39॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥